श्री दादाजी अखाराम चालीसा ( Dada Chalisha )

।।दोहा।। अक्षय तेरा कोष है, अक्षय तेरा नाम।अक्षय पलकें खोल दे, अक्षय दे वरदान। ।।चौपाई।। जय अक्षय हरजी सुत देवा। शीश नवायें, करते सेवा।।1।।जय मारुति सेवक सुखदायक। जय जय जय अंजनि सुत पायक।।2।।जय जय संत शिरोमणि दाता। जय जीवू बार्इ के भ्राता।।3।।जय हरजी सुत कीरति पावन। त्रिभुवन यश सब शोक नसावन।।4।।जय हनुमत चरणों के दासा। …